केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण और ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने केंद्रीय बजट 2026-27 को विकसित भारत और आत्मनिर्भर भारत की मजबूत नींव रखने वाला बजट बताया है Budget 2026उन्होंने कहा कि वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण लगातार 9वीं बार बजट पेश करने वाली पहली महिला वित्त मंत्री हैं, जो देश के लिए गर्व की बात है. शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि 1.32 लाख करोड़ रुपए का कृषि बजट विकसित भारत के सपने को साकार करने वाला बजट है.

गांव, गरीब, किसान बनेंगे आत्मनिर्भर

कृषि मंत्री ने कहा कि यह बजट विशेष रूप से गांव, गरीब, किसान, युवा और महिलाएं इन सभी वर्गों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है. योजनाओं से गरीबी लगातार कम हो रही है और यह बजट गरीब को आत्मनिर्भर बनाने की दृष्टि से अत्यंत महत्त्वपूर्ण है. Budget 2026

लखपति दीदी और ‘SHE‑मार्ट’ : ग्रामीण महिलाएं बनेंगी उद्यमी :

महिला सशक्तिकरण की दिशा में यह बजट ‘लखपति दीदी योजना’ की सफलता को आगे बढ़ाते हुए बजट में सेल्फ हेल्प एंटरप्रेन्योर ‘SHE‑मार्ट’ की व्यवस्था की गई है. हर जिले में बहनों के उत्पादों को बेचने के लिए एक प्लेटफॉर्म के रूप में कम्युनिटी‑ओन्ड रिटेल आउटलेट स्थापित होंगे, जहां स्वयं सहायता समूहों और ग्रामीण बहनों द्वारा तैयार उत्पादों को नया बाजार मिलेगा. उन्होंने कहा कि पशुपालन, कृषि से जुड़ी गतिविधियों और अन्य कार्यों में लगी बहनें अब केवल आजीविका तक सीमित न रहकर उद्यमी के रूप में आगे बढ़ सकेंगी, यही इस पहल का उद्देश्य है.

ग्रामीण विकास बजट में हुई 21 फीसदी की वृद्धि

केंद्रीय कृषि मंत्री ने बताया कि ग्रामीण विकास विभाग के बजट में इस वर्ष 21 फीसदी की वृद्धि की गई है. ग्रामीण विकास और कृषि विभाग को जोड़कर देखें तो ग्रामीण विकास और कृषि मंत्रालय का सम्मिलित बजट अब 4 लाख, 35 हजार, 779 करोड़ रुपए से अधिक हो गया है, जो गांव और किसान के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है.

उन्होंने कहा कि ग्रामीण विकास के कुल बजट में अकेले ‘विकसित भारत जी राम जी’ योजना के लिए राज्यों के अंशदान सहित लगभग 1.51 लाख करोड़ रुपए से अधिक का प्रावधान किया गया है.

पंचायतों को दोगुना फंड, ग्रामीण क्षेत्र होंगे विकसित

केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह ने कहा कि 16वें वित्त आयोग के ताजा निर्णय के अनुसार पंचायतों को सीधे 55,900 करोड़ रुपए से अधिक की राशि जाएगी. उन्होंने बताया कि पहले पांच वर्षों में पंचायतों को कुल लगभग 2,36,000 करोड़ रुपए सीधे मिले थे, जो अब बढ़कर 4,35,000 करोड़ रुपए हो गए हैं यानी लगभग दोगुना. Budget 2026

शिवराज सिंह चौहान ने विश्वास जताया कि ‘विकसित भारत जी राम जी’ की 1,51,000 करोड़ रुपए की राशि और वित्त आयोग के तहत मिलने वाले 55,900 करोड़ रुपए मिलकर ग्रामीण क्षेत्र के विकास का रास्ता तय करेगी.

बढ़ेंगे कृषि नवाचार और किसानों को मिलेगा सस्ती दर पर खाद

कृषि विभाग का बजट बढ़ाकर इस वर्ष 1,32,561 करोड़ रुपए होने पर कृषि शिक्षा और अनुसंधान, विशेषकर आईसीएआर सहित, के लिए 9,967 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है, जिससे शोध और नवाचार को बल मिलेगा.

किसानों के लिए उर्वरक सब्सिडी पर उन्होंने कहा कि सस्ता खाद और उर्वरक उपलब्ध कराने के लिए 1,70,944 करोड़ रुपए की सब्सिडी का प्रावधान है, ताकि उत्पादन की लागत कम हो और किसान को राहत मिले.

नेशनल फाइबर स्कीम और मेडिसिनल प्लांट्स से किसानों को होगा सीधा लाभ

नेशनल फाइबर स्कीम के अंतर्गत सिल्क, वूल और जूट जैसे फाइबर पर फोकस किया गया है, जिससे इनसे जुड़े किसानों को सीधा लाभ मिलेगा और आयुष मंत्रालय में मेडिसिनल प्लांट्स के सर्टिफिकेशन और एक्सपोर्ट से संबंधित प्रावधानों का फायदा औषधीय पौधे उगाने वाले किसानों की बढ़ाएगा आमदनी.

इस के अलावा नारियल, कोको, काजू, चंदन और फल‑सब्जी और नारियल के पुराने बागों का पुनरुद्धार और नए बाग लगाने के लिए बजट में व्यवस्था की गई है. फलों और सब्जियों का उत्पादन बढ़ाने और उन्हें आसानी से उपभोक्ता तक पहुंचाने के लिए अलग प्रावधान किए गए हैं, ताकि किसान को बेहतर दाम और उपभोक्ता को आसान उपलब्धता मिल सके.

विकसित भारत और समृद्ध बनेगा किसान Budget 2026

केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान का कहना है कि यह बजट गरीब को आत्मनिर्भर बनाने की दृष्टि से अत्यंत महत्त्वपूर्ण है. यह बजट गांव के लिए, गरीब के लिए, किसान के लिए, युवा किसानों के लिए और विशेषकर ‘लखपति दीदी’ सहित सभी ग्रामीण महिलाओं के कल्याण के लिए पर्याप्त और सशक्त प्रावधान करने वाला बजट है. साथ ही, यह बजट किसानों की आय बढ़ाने और गांवों को विकसित बनाने में मदद करेगा.

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