Weekly Weather Update-
देश के कई हिस्सों में मानसून सक्रिय बना हुआ है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार 27 से 31 अगस्त के दौरान मध्य, उत्तर, पूर्वोत्तर और पूर्वी भारत के कई हिस्सों में बारिश की गतिविधियां जारी रहने की संभावना है. कुछ राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश, आंधी और बिजली गिरने की स्थिति बन सकती है.
मौसम विभाग के अनुसार पूर्वोत्तर मध्य प्रदेश और आसपास के क्षेत्रों में बना निम्न दबाव क्षेत्र अगले 24 घंटों के दौरान पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ सकता है. इसके अलावा मानसून ट्रफ भी उत्तर और पूर्वी भारत के कई हिस्सों से होकर गुजर रही है.
उत्तर और मध्य भारत में बारिश का असर
उत्तर-पश्चिम भारत में उत्तराखंड में इस दौरान कई स्थानों पर बारिश जारी रहने का अनुमान है. पूर्वी उत्तर प्रदेश में 27 अगस्त को बारिश की गतिविधियां अधिक रह सकती हैं.
उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश और पूर्वी राजस्थान के कुछ हिस्सों में भारी बारिश की चेतावनी भी दी गई है. हिमाचल प्रदेश तथा जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और आसपास के क्षेत्रों में भी बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं.
मध्य भारत में मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़ और विदर्भ के कई हिस्सों में बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है. पूर्वी मध्य प्रदेश में 29 अगस्त तक रोज व्यापक बारिश की गतिविधियां हो सकती हैं.
पूर्वी भारत में भारी बारिश का अनुमान
बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, सिक्किम और ओडिशा में इस सप्ताह मौसम सक्रिय रहने की संभावना है. ओडिशा में 28 से 30 अगस्त के बीच कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश की स्थिति बन सकती है. झारखंड, बिहार, गंगीय पश्चिम बंगाल तथा उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में भी भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है.
कई स्थानों पर गरज-चमक के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं.
पूर्वोत्तर राज्यों में भी बारिश का दौर
अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय तथा नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में बारिश की गतिविधियां बनी रहने की संभावना है.
29 और 30 अगस्त के आसपास नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा में कुछ स्थानों पर बहुत भारी बारिश का खतरा बताया गया है.
पश्चिम और दक्षिण भारत में कैसा रहेगा मौसम?
कोंकण और गोवा में 27 से 31 अगस्त के दौरान कई स्थानों पर बारिश हो सकती है. मध्य महाराष्ट्र और मराठवाड़ा में भी बारिश की संभावना है.
दक्षिण भारत में तटीय कर्नाटक में बारिश व्यापक रह सकती है. केरल, माहे और लक्षद्वीप में 28 अगस्त तक बारिश के बाद 29 से 31 अगस्त के दौरान बारिश की तीव्रता में कुछ कमी आ सकती है.
आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, तमिलनाडु, कर्नाटक और रायलसीमा के कुछ हिस्सों में भी बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां हो सकती हैं.
समुद्री इलाकों के लिए भी चेतावनी
अरब सागर और बंगाल की खाड़ी के कुछ हिस्सों में तेज हवाओं और खराब समुद्री परिस्थितियों की संभावना है. मछुआरों को मौसम विभाग की ताजा चेतावनियों और स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की सलाह दी जाती है.
किसानों के लिए जरूरी सलाह
भारी बारिश वाले क्षेत्रों में किसानों को खेतों में जल निकासी की व्यवस्था बनाए रखने की जरूरत है. खड़ी फसलों में पानी जमा होने से फसल को नुकसान हो सकता है. तेज हवा की संभावना वाले क्षेत्रों में सब्जियों, केले, पपीते और अन्य कमजोर पौधों को सहारा देना उपयोगी रहेगा.
बारिश के दौरान खाद और कीटनाशकों का छिड़काव करने से बचें और खेत की स्थिति सामान्य होने के बाद ही कृषि कार्य करें.
मौसम की स्थिति तेजी से बदल सकती है. किसान स्थानीय मौसम विभाग, कृषि विज्ञान केंद्र और प्रशासन की ताजा सलाह को प्राथमिकता दें. Weekly Weather Update





