Bee Keeping: यह राष्ट्रीय मधुमक्खीपालन और शहद मिशन एक केंद्र सरकार द्वारा चलाई जा रही योजना है जिसका मकसद मधुमक्खीपालन (Bee Keeping) को वैज्ञानिक तरीके से बढ़ावा देना है. इस योजना की शुरुआत साल 2020-21 में की गई थी जिसे 2025-26 तक बढ़ा दिया गया है और इस योजना के लिए 500 करोड़ रुपए का बजट तय किया गया है.
मधुमक्खी देता अनेक रोजगार
मधुमक्खीपालन (Bee Keeping) एक खेती के साथ किया जाने वाला रोजगार है, जो आमतौर पर गांवों में किसानों और भूमिहीन लोगों द्वारा भी किया जाता है. और जिस क्षेत्र में मधुमक्खीपालन किया जाता है वहां की फसल की पैदावार में भी बढ़ोतरी होती है, जो किसानों की आमदनी बढ़ाने में सहायक है.
मधुमक्खीपालन में मधुमक्खी उत्पाद जिसमें मोम, मधुमक्खी परागकण, प्रोपोलिस नामक पौधे, रॉयल जेली, बी वेनम आदि मिलते हैं जो किसानों की अतिरिक्त आमदनी बढ़ाने का काम करते हैं. इस का रोजगार शुरू करने से पहले मधुमक्खीपालन (Bee Keeping) का प्रशिक्षिण जरूरी है.
कौन-कौन ले सकता है प्रशिक्षिण
युवा, किसान, कृषि छात्र, महिलाएं, गैरसरकारी संगठन, मधुमक्खीपालक और मधुमक्खीपालन में रुचि रखने वाला कोई भी व्यक्ति इसका प्रशिक्षण ले सकता है.
क्या मिलती है जानकारी
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- मधुमक्खीपालन के बारे में जानकारी.
- मधुमक्खीपालन में शहद और मूल्यवर्धित उत्पाद.
- मधुमक्खीपालन शुरू करने की आवश्यकताएं.
- मधुमक्खी कॉलोनी का रखरखाव.
- प्रमुख रोग और कीट प्रबंधन.
- शहद और मधुमक्खी उत्पादों की पैकेजिंग, ब्रांडिंग और उसकी मार्केटिंग करना.
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योजना के तहत मिलती है सब्सिडी
राष्ट्रीय मधुमक्खीपालन और शहद मिशन (NBHM) के तहत सरकार मधुमक्खीपालन पर 50 फीसदी से अधिक की सब्सिडी, बक्से और प्रशिक्षण प्रदान करती है.
कितना मिलता है अनुदान (Subsidy):
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- मधुमक्खी बक्से, छत्ते और अन्य उपकरणों पर 50 फीसदी तक सब्सिडी उपलब्ध है.
- उदाहरण के लिए, प्रति मधुमक्खीपालक को 10 से 20 बक्से तक प्रदान किए जाते हैं.
- सरकार द्वारा प्रतिवर्ष 7 से 10 दिनों का मुफ्त या कम लागत वाला प्रशिक्षण प्रदान किया जाता है.
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कहां करें आवेदन
उद्यान निदेशालय या राज्य के बागबानी विभाग की आधिकारिक वेबसाइटों के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन किया जा सकता है. इसके लिए कुछ जरूरी दस्तावेज चाहिए जैसे आधारकार्ड, बैंक पासबुक, फोटो, भूमि के दस्तावेज आदि.
मधु क्रांति पोर्टल
मधुमक्खीपालन को बढ़ावा देने के लिए मधु क्रांति पोर्टल बनाया गया है जिस पर ऑनलाइन पंजीकरण किया जा सकता है.
योजना का लाभ कैसे उठाएं
प्रशिक्षण : इसके लिए सरकारी केंद्र से मधुमक्खीपालन का प्रशिक्षण प्राप्त करना आवश्यक है.





