हरियाणा में किसानों को बाजार के नए अवसरों से जोड़ने और खेती को अधिक लाभकारी बनाने की दिशा में Agri Leadership Summit 2026 का आयोजन 23 अक्टूबर 2026 को झज्जर जिले के हसनपुर स्थित एम. आर. स्कूल में किया जाएगा. इस कार्यक्रम का मुख्य विषय “Peri-Urban Agriculture: Connecting Haryana Farmers with Urban Markets” है. यानी शहरों के आसपास खेती करने वाले किसानों को शहरी बाजारों से जोड़ना और उनकी उपज के लिए बेहतर बाजार तलाशना.

इस सम्मेलन में Farm N Food मीडिया पार्टनर के रूप में जुड़ा है. कृषि और किसानों से जुड़े मुद्दों पर जानकारी देने वाले इस मीडिया मंच की भागीदारी से कार्यक्रम से संबंधित जानकारियां किसानों और कृषि क्षेत्र से जुड़े लोगों तक पहुंचाने में मदद मिलेगी.

सम्मेलन का उद्देश्य किसानों, कृषि विशेषज्ञों, किसान उत्पादक संगठनों (FPOs), कृषि उद्यमियों, स्टार्टअप, खरीदारों और अन्य संबंधित पक्षों को एक मंच पर लाना है, ताकि खेती में नई तकनीकों के इस्तेमाल, बाजार की मांग के अनुसार उत्पादन और किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य दिलाने जैसे विषयों पर चर्चा की जा सके.

क्या है पेरी-अर्बन एग्रीकल्चर?

पेरी-अर्बन एग्रीकल्चर यानी शहरों के आसपास के इलाकों में होने वाली खेती. आसान शब्दों में कहें तो शहर के नजदीक बसे गांवों में की जाने वाली खेती को पेरी-अर्बन एग्रीकल्चर कहा जाता है. ऐसे क्षेत्रों में रहने वाले किसानों के लिए अपनी उपज को शहरों के बाजारों तक पहुंचाने के अवसर हो सकते हैं.

उदाहरण के लिए, अगर किसी किसान का खेत शहर के नजदीक है और वह टमाटर, खीरा, हरी सब्जियां या दूसरी ताजी उपज उगाता है, तो वह स्थानीय दुकानदारों, सब्जी विक्रेताओं, होटलों, रेस्टोरेंट या अन्य खरीदारों से सीधे संपर्क करने की संभावनाएं तलाश सकता है. इससे किसान को अपनी उपज बेचने के नए रास्ते मिल सकते हैं.

हालांकि, केवल शहर के पास खेत होने से अधिक मुनाफे की गारंटी नहीं मिलती. इसके लिए किसानों को बाजार की मांग, फसल की गुणवत्ता, सही समय पर आपूर्ति, पैकिंग, परिवहन और बिक्री की कीमत पर भी ध्यान देना होता है.

पेरी-अर्बन एग्रीकल्चर में आधुनिक सिंचाई, संरक्षित खेती, पॉलीहाउस, सब्जियों और दूसरी मांग वाली फसलों का उत्पादन तथा बेहतर पैकिंग जैसे तरीकों पर काम किया जा सकता है. इसका मकसद सिर्फ ज्यादा फसल पैदा करना नहीं, बल्कि ऐसी उपज तैयार करना भी है जिसे बाजार में सही खरीदार और उचित कीमत मिल सके.

किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए बाजार से जुड़ाव जरूरी

खेती में अच्छी पैदावार हासिल करना जितना जरूरी है, उतना ही जरूरी है उपज को सही बाजार तक पहुंचाना. कई बार किसान मेहनत से फसल तैयार करते हैं, लेकिन उन्हें बाजार की मांग, बिक्री के विकल्पों या खरीदारों की जरूरतों की पर्याप्त जानकारी नहीं मिल पाती. ऐसे में उनकी उपज का सही मूल्य हासिल करना चुनौती बन सकता है.

Agri Leadership Summit 2026 में किसानों को बाजार से जोड़ने, सीधे बिक्री के अवसरों, कृषि उत्पादों की ब्रांडिंग और शहरी उपभोक्ताओं की जरूरतों को समझने जैसे विषयों पर ध्यान दिया जाएगा.

किसानों के लिए यह समझना जरूरी है कि बाजार में किस उत्पाद की मांग है, खरीदार किस गुणवत्ता की उपज चाहते हैं और उत्पाद को किस तरह तैयार करके बेचना बेहतर हो सकता है. उदाहरण के तौर पर, सब्जियों की सही छंटाई, साफ-सफाई, पैकिंग और समय पर डिलीवरी से खरीदारों का भरोसा बढ़ाने में मदद मिल सकती है.

किसान उत्पादक संगठन यानी FPOs भी इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं. FPO के माध्यम से किसान सामूहिक रूप से उपज इकट्ठा कर सकते हैं, उसकी छंटाई और पैकिंग की व्यवस्था कर सकते हैं तथा बड़े खरीदारों से संपर्क बनाने की कोशिश कर सकते हैं. इससे
किसानों के लिए मिट्टी, डेयरी और पशु स्वास्थ्य से जुड़ी सुविधाएं

कार्यक्रम की जानकारी के अनुसार, सम्मेलन स्थल पर किसानों के लिए कुछ तकनीकी और सलाहकारी सेवाएं उपलब्ध कराने की व्यवस्था भी शामिल है. इनमें मिट्टी की जांच, डेयरी परीक्षण और पशु स्वास्थ्य जांच जैसी सुविधाएं शामिल हैं.

हरियाणा की श्रेष्ठ नस्लें: कार्यक्रम की रूपरेखा में बेहतर पशु नस्लों और सफल पशुपालन मॉडलों को प्रदर्शित करने का विषय भी शामिल है.

इन सुविधाओं का उद्देश्य किसानों और पशुपालकों को कृषि तथा पशुधन प्रबंधन से जुड़ी जानकारी उपलब्ध कराने में मदद करना है.

किसान, FPO और कृषि उद्यमियों को मिलेगा संवाद का मंच

Agri Leadership Summit 2026 में किसानों के साथ-साथ किसान उत्पादक संगठनों, कृषि उद्यमियों, स्टार्टअप, सरकारी अधिकारियों, शोध एवं शैक्षणिक संस्थानों, निवेशकों, कृषि व्यवसायों, युवाओं और शहरी खरीदारों की भागीदारी पर जोर दिया गया है.

कार्यक्रम की रूपरेखा में कृषि उत्पादों और नवाचारों का प्रदर्शन, नई तकनीकों से परिचित होने, प्रगतिशील किसानों के अनुभव साझा करने तथा खरीदारों और कृषि क्षेत्र से जुड़े अन्य लोगों के साथ संपर्क बनाने जैसे अवसर शामिल हैं.

Farm N Food की मीडिया पार्टनर के रूप में भागीदारी

Farm N Food, Agri Leadership Summit 2026 का मीडिया पार्टनर है. कृषि क्षेत्र, किसानों की जरूरतों, खेती में बदलाव और ग्रामीण अर्थव्यवस्था से जुड़े विषयों पर केंद्रित Farm N Food की भागीदारी कार्यक्रम की जानकारी को व्यापक किसान समुदाय तक पहुंचाने की दिशा में महत्वपूर्ण है.

हरियाणा के किसानों के लिए बाजार की नई संभावनाएं

हरियाणा में खेती और पशुपालन बड़ी संख्या में परिवारों की आजीविका का आधार हैं. ऐसे में उत्पादन के साथ बाजार की जरूरतों को समझना और खरीदारों तक बेहतर पहुंच बनाना किसानों के लिए महत्वपूर्ण हो सकता है.

Agri Leadership Summit 2026 का मुख्य फोकस इसी दिशा में है कि किसान शहरों के आसपास मौजूद बाजारों की संभावनाओं को समझें और आधुनिक खेती, बेहतर गुणवत्ता, ब्रांडिंग तथा सीधे बिक्री जैसे विकल्पों पर विचार करें.

सम्मेलन किसानों, कृषि विशेषज्ञों और बाजार से जुड़े लोगों को एक साथ लाने का अवसर प्रदान करेगा. इससे पेरी-अर्बन एग्रीकल्चर के बारे में जागरूकता बढ़ाने और हरियाणा में खेती को बाजार की जरूरतों से जोड़ने पर सार्थक चर्चा को आगे बढ़ाने की उम्मीद है.

कार्यक्रम से जुड़ी जानकारी

• कार्यक्रम: Agri Leadership Summit 2026
• मुख्य विषय: Peri-Urban Agriculture: Connecting Haryana Farmers with Urban Markets
• तारीख: 23 अक्टूबर 2026, शुक्रवार
• स्थान: एम. आर. स्कूल, हसनपुर, जिला झज्जर, हरियाणा
• आयोजक: कृषक उद्यमी कृषक विकास चैंबर (KUKVC)
• मीडिया पार्टनर: Farm N Food

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